• बुधवार, 17 जुलाई, 2024

अरहर : लांग टर्म में मजबूत बने रहने की उम्‍मीद

मुंबई। तुअर यानी अरहर की कीमतों में बढ़त का यह तेज दौर है। बीते दो सप्‍ताह में म्‍यांमार यानी बर्मा में तुअर के भाव तेजी से बढ़े जिसका सीधा असर भारतीय बाजार में देखने को मिला। देश में तुअर की आवक सुस्‍त होने और म्‍यांमार में स्‍टॉक केवल 30-35 हजार टन होने से बर्मा लेमन तुअर का भाव 1225 डॉलर प्रति टन पहुंच गया है। यह 15 दिन पहले 1080 डॉलर प्रति टन बिक रही थी। यानी 15 दिन में 145 डॉलर का उछाल आया है। घरेलू बाजार में बर्मा लेमन तुअर का भाव इस वजह से 89-90 रुपए प्रति किलोग्राम से बढ़कर 99-100 रुपए प्रति किलोग्राम पहुंच गया है।
म्‍यांमार में इस साल तुअर की उपज तीन लाख टन रहने का अनुमान है लेकिन भारत में पाइपलाइन पूरी तरह खाली होने और नई तुअर की आवक उम्‍मीद के अनुरुप न होने से बर्मा तुअर के भाव बढ़ रहे हैं। मोजाम्बिक से तुअर का आयात अटका हुआ था लेकिन अब विवाद के सुलझने पर इसकी आवक होने की उम्‍मीद है। लेकिन यह मात्रा काफी कम है जिससे घरेलू बाजार में सप्‍लाई पर खास असर नहीं होगा। भारत में तुअर की सालाना मांग तकरीबन 40-43  लाख टन रहती है जबकि इस साल उत्‍पादन 26-27 लाख टन से अधिक नहीं है। यही वजह है कि भारत तुअर का आयात लगातार करता रहेगा। मोजाम्बिक-तंजानिया सहित अफ्रीकन देशों में नई तुअर की आवक जुलाई-अगसत में होगी जबकि सूडान में नई फसल फरवरी-मार्च में आएगी। सूडान में तुअर का उत्‍पादन 50-70 हजार टन होता है लेकिन सूडान में चल रहे गृह युद्ध की वजह से वहां से निर्यात होने में संदेह है।
घरेलू उत्‍पादन स्थिति की बात की जाए तो इस साल कर्नाटक में 8.32 लाख टन (बीते साल 5.52 लाख टन), महाराष्‍ट्र में 6.25 लाख टन (6.24 लाख टन), मध्‍य प्रदेश में 2.45 लाख टन (2.94 लाख टन), उत्तर प्रदेश में 1.93 लाख टन (2.27 लाख टन), गुजरात में 1.27 लाख टन (1.28 लाख टन), तेलंगाना में 1.15 लाख टन (1.96 लाख टन), छत्तीसगढ़ में 60 हजार टन (68 हजार टन) और अन्‍य राज्‍यों में 3.06 लाख टन (3.70 लाख टन) तुअर पैदा होने का अनुमान है। तुअर का उत्‍पादन बीते दो साल से घटने की वजह से सरकार मीड डे मील में मसूर का वितरण कर रही है जिसकी वजह से तुअर की खपत में चार लाख टन की कमी आई है।
तुअर की बैलेंसशीट टाइट होने से देसी तुअर के दाम जनवरी में 1500 रुपए प्रति क्विंटल और तुअर दाल के भाव प्रति किलोग्राम 10-15 रुपए बढ़े हैं। तुअर दाल होलसेल मार्केट में 135-145 रुपए प्रति किलोग्राम बोला जा रहा है। वर्ष 2024 में तुअर का आयात नौ लाख टन रहने का अनुामन है जो वर्ष 2023 में 7.75 लाख टन था। कारोबारियों का कहना है कि तुअर का भाव इस साल 8,500 रुपए प्रति क्विंटल से नीचे जाने के आसार नहीं है जबकि यह ऊपर में 12,000-12,500 रुपए तक बिक सकती है।